हिंदी दिवस पर कविता
- Mister Bhat
- Sep 14, 2025
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हिंदी है अपनी पहचान,
मिट्टी की खुशबू, जन-जन की जान।
सरल, मधुर, सुरीली भाषा,
मन की गहराई से निकली आशा।
कबीर, तुलसी, प्रेमचंद की बोली,
जिसमें बसती है हर दिल की टोली।
गाँव की चौपाल, शहर की बातें,
हिंदी से सजती हैं जीवन की रातें।
शब्दों का संगीत, भावों का सार,
हिंदी में मिलता है सारा संसार।
आओ मिलकर ये संकल्प उठाएँ,
हिंदी को दुनिया की ऊँचाई दिलाएँ।
हिंदी है हम, हिंदी हमारी शान,
हिंदी से रोशन हिंदुस्तान।

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